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Jharkhand Information Commissioner Oath Ceremony: मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन की मौजूदगी में चार नए सूचना आयुक्तों ने ली शपथ

Megha Sinha

Jharkhand Information Commissioner Oath Ceremony : रांची के लोक भवन में आयोजित गरिमामय समारोह में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने चार नवनियुक्त सूचना आयुक्तों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन सहित कई मंत्री, सांसद और वरिष्ठ अधिकारी रहे उपस्थित।

Jharkhand Information Commissioner Oath Ceremony: रांची के लोक भवन में मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन की उपस्थिति में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने चार नए सूचना आयुक्तों को शपथ दिलाई। जानिए समारोह की पूरी जानकारी और सरकार की पारदर्शिता को लेकर क्या कहा गया।

रांची: झारखंड की प्रशासनिक व्यवस्था और सूचना के अधिकार (RTI) कानून को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए रांची स्थित लोक भवन में नवनियुक्त सूचना आयुक्तों का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया। इस गरिमामय कार्यक्रम में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने संवैधानिक प्रावधानों के तहत चार नवनियुक्त सूचना आयुक्तों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। समारोह में मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन विशेष रूप से उपस्थित रहे और उन्होंने सभी नवनियुक्त आयुक्तों को शुभकामनाएं देते हुए उनके सफल कार्यकाल की कामना की।

यह समारोह झारखंड में सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूत करने की दिशा में एक अहम पहल माना जा रहा है। सूचना आयोग लोकतांत्रिक व्यवस्था में नागरिकों के सूचना के अधिकार की रक्षा करने वाली महत्वपूर्ण संस्था है, ऐसे में नए आयुक्तों की नियुक्ति प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

चार नए सूचना आयुक्तों ने ली शपथ

लोक भवन में आयोजित इस समारोह में अनुज कुमार सिन्हा, तनुज खत्री, शिवपूजन पाठक और अमूल्य नीरज खलखो ने झारखंड राज्य सूचना आयुक्त के रूप में पद एवं गोपनीयता की शपथ ग्रहण की। राज्यपाल ने संविधान और संबंधित अधिनियम के प्रावधानों के अनुरूप सभी को शपथ दिलाई।

शपथ ग्रहण के दौरान पूरे समारोह में गरिमामय वातावरण देखने को मिला। उपस्थित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने नवनियुक्त सूचना आयुक्तों का स्वागत किया तथा उन्हें नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं।

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने दी बधाई

शपथ ग्रहण समारोह के बाद मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने सभी नवनियुक्त सूचना आयुक्तों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने उम्मीद जताई कि सभी आयुक्त संविधान की भावना के अनुरूप कार्य करते हुए जनता के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सूचना आयोग लोकतंत्र की एक महत्वपूर्ण संस्था है, जो शासन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने का कार्य करती है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी आयुक्त निष्पक्षता, ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे तथा सूचना के अधिकार को और अधिक प्रभावी बनाएंगे।

पारदर्शिता और जवाबदेही को मिलेगा बल

सूचना आयोग का प्रमुख उद्देश्य नागरिकों को सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत समय पर जानकारी उपलब्ध कराना और सरकारी विभागों में पारदर्शिता सुनिश्चित करना है। आयोग उन मामलों की सुनवाई करता है, जहां सूचना उपलब्ध कराने में देरी होती है या सूचना देने से इनकार किया जाता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि नए सूचना आयुक्तों की नियुक्ति से आयोग में लंबित मामलों के त्वरित निस्तारण में मदद मिलेगी। इससे आम नागरिकों को सूचना प्राप्त करने में आसानी होगी और सरकारी विभागों की जवाबदेही भी मजबूत होगी।

कई वरिष्ठ जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद

इस अवसर पर केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ, मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की, राज्यसभा सांसद महुआ माजी तथा बैद्यनाथ राम सहित राज्य सरकार के कई वरिष्ठ अधिकारी, प्रशासनिक पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।

सभी अतिथियों ने नवनियुक्त सूचना आयुक्तों को शुभकामनाएं देते हुए उम्मीद जताई कि वे अपने कार्यकाल के दौरान जनता के विश्वास पर खरे उतरेंगे और सूचना आयोग की गरिमा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएंगे।

लोकतांत्रिक व्यवस्था में सूचना आयोग की भूमिका

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 का उद्देश्य शासन व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ाना और नागरिकों को सरकारी कार्यप्रणाली से संबंधित सूचनाएं प्राप्त करने का अधिकार देना है। राज्य सूचना आयोग इस कानून के प्रभावी क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

जब किसी सरकारी विभाग द्वारा सूचना देने से इनकार किया जाता है या निर्धारित समय सीमा में सूचना उपलब्ध नहीं कराई जाती, तब नागरिक राज्य सूचना आयोग का दरवाजा खटखटा सकते हैं। ऐसे मामलों में सूचना आयुक्त सुनवाई कर संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश जारी करते हैं।

नागरिकों के अधिकार होंगे और मजबूत

झारखंड में नए सूचना आयुक्तों की नियुक्ति को प्रशासनिक सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे आयोग की कार्यक्षमता बढ़ेगी, लंबित मामलों का तेजी से निपटारा होगा और आम नागरिकों को सूचना के अधिकार का लाभ अधिक प्रभावी तरीके से मिल सकेगा।

सरकार की ओर से भी लगातार सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही को प्राथमिकता देने की बात कही जाती रही है। ऐसे में नए सूचना आयुक्तों का कार्यकाल राज्य में सूचना के अधिकार कानून के बेहतर क्रियान्वयन और नागरिकों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।

समारोह का महत्व

लोक भवन में आयोजित यह शपथ ग्रहण समारोह केवल एक औपचारिक संवैधानिक प्रक्रिया नहीं था, बल्कि यह राज्य में लोकतांत्रिक संस्थाओं को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण संदेश भी था। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन की उपस्थिति और वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों की सहभागिता ने इस आयोजन की गरिमा को और बढ़ाया।

राज्य सरकार ने उम्मीद जताई है कि नवनियुक्त सूचना आयुक्त पारदर्शी, निष्पक्ष और जनहितकारी कार्यशैली अपनाते हुए सूचना आयोग की भूमिका को और अधिक प्रभावी बनाएंगे। इससे नागरिकों का शासन व्यवस्था पर विश्वास मजबूत होगा और सुशासन के लक्ष्य को हासिल करने में सहायता मिलेगी।