Ranchi: आगामी जगन्नाथपुर रथयात्रा एवं मेले के सफल, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री द्वारा आज संबंधित अधिकारियों के साथ रथयात्रा मार्ग एवं मौसीबाड़ी परिसर का स्थलीय निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन, पुलिस अधीक्षक (नगर) पारस राणा, अनुमण्डल पदाधिकारी सदर कुमार रजत, अपर जिला दण्डाधिकारी (विधि-व्यवस्था) धनंजय, पुलिस उपाधीक्षक हटिया नीरज कुमार, संबंधित थाना प्रभारी, मंदिर समिति के अध्यक्ष एवं सदस्य उपस्थित थे।
उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने रथयात्रा मार्ग का निरीक्षण करते हुए निर्देश दिया कि पूरे मार्ग पर किसी भी प्रकार के कंकड़ अथवा अवरोध नहीं रहने चाहिए, ताकि रथ के संचालन एवं श्रद्धालुओं की आवाजाही में किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने संबंधित विभागों को रथयात्रा मार्ग का समुचित समतलीकरण एवं साफ-सफाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिये।
— DC Ranchi (@DC_Ranchi) July 14, 2026
उपायुक्त ने रथयात्रा मार्ग पर किसी भी प्रकार के अतिक्रमण को तत्काल हटाने एवं आयोजन अवधि के दौरान मार्ग को पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुगम आवागमन सर्वाेच्च प्राथमिकता है, इसलिए सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें।
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने रथयात्रा मार्ग के ऊपर से गुजर रहे बिजली के तारों को हटाने तथा आवश्यकतानुसार सुरक्षित वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश विद्युत विभाग के अधिकारियों को दिये। साथ ही उन्होंने एक बार फिर से अपील करते हुए कहा कि मंदिर परिसर क्षेत्र में प्लास्टिक का उपयोग न हो इसमें सभी सहयोग करें।
मौसीबाड़ी परिसर के निरीक्षण के दौरान उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने टेंट व्यवस्था को और बेहतर बनाने तथा अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए तथा सभी मूलभूत सुविधाएं समय से पूर्व उपलब्ध करा दी जाएं।
इस अवसर पर वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए निर्देश दिया कि सभी पुलिस वॉच टावर पूर्णतः कार्यशील (फंक्शनल) रहें तथा प्रत्येक वॉच टावर पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित की जाए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि सड़क के डिवाइडर पर किसी भी प्रकार की दुकान नहीं लगने दी जाए, जिससे यातायात व्यवस्था एवं भीड़ नियंत्रण प्रभावित न हो।

