रांची। झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की 14वीं संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा को लेकर उठे विवाद के बीच मंगलवार को सीआईडी और रांची पुलिस की संयुक्त टीम ने जेपीएससी कार्यालय में छापेमारी की। इस कार्रवाई के बाद आयोग परिसर में हड़कंप मच गया। पूरे कार्यालय को पुलिस ने सुरक्षा घेरे में ले लिया और जांच टीम महत्वपूर्ण दस्तावेजों को खंगालने में जुट गई।
छापेमारी के दौरान सिटी एसपी के नेतृत्व में कई डीएसपी, इंस्पेक्टर और बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर तैनात रहा। जांच टीम आयोग के रिकॉर्ड और परीक्षा से संबंधित दस्तावेजों की बारीकी से पड़ताल कर रही है। हालांकि, अभी तक अधिकारियों की ओर से जांच के संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
Ranchi, Jharkhand: CID and police conducted a raid at the JPSC office, scrutinizing documents as part of an investigation into alleged irregularities at the commission pic.twitter.com/1CRDqLKUrd
— IANS (@ians_india) July 21, 2026
गौरतलब है कि 14वीं जेपीएससी परीक्षा का परिणाम घोषित होने के बाद आयोग की कार्यप्रणाली पर कई सवाल खड़े हुए थे। विशेष रूप से कटऑफ अंक सार्वजनिक नहीं किए जाने को लेकर अभ्यर्थियों ने नाराजगी जताई थी। कई अभ्यर्थियों और संगठनों ने चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन किया था।
इस मामले को लेकर राज्यपाल और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को भी शिकायतें भेजी गई थीं। शिकायतों के बाद सरकार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच की प्रक्रिया तेज कर दी है। इसी क्रम में सीआईडी और रांची पुलिस की संयुक्त कार्रवाई को हेमंत सरकार के बड़े एक्शन के रूप में देखा जा रहा है।
अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो आयोग के खिलाफ आगे की कार्रवाई भी की जा सकती है। JPSC कार्यालय में हुई इस छापेमारी ने परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता और विश्वसनीयता को लेकर चल रही बहस को एक बार फिर तेज कर दिया है।