Jharkhand News : जामताड़ा से सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता होंगे रांची रवाना, खनिज संसाधनों और राज्य के आर्थिक अधिकारों को लेकर भाजपा पर साधा निशाना
Jharkhand News : MMDR बिल के विरोध में 7 सितंबर को रांची में प्रस्तावित कांग्रेस पार्टी के राजभवन घेराव एवं विरोध प्रदर्शन को लेकर जामताड़ा जिला कांग्रेस कमेटी ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से एक आपात बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। बैठक में रांची पहुंचकर प्रस्तावित आंदोलन को प्रभावी और ऐतिहासिक बनाने की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने बैठक को संबोधित करते हुए MMDR बिल को झारखंड के लिए अभिशाप बताया। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी पर झारखंड के अधिकारों और प्राकृतिक संसाधनों को लेकर लगातार भेदभावपूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राज्य के हक और संसाधनों से जुड़े अधिकारों को कमजोर करने के किसी भी प्रयास को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि झारखंड खनिज संपदा से समृद्ध राज्य है और यहां के प्राकृतिक संसाधन राज्य की अर्थव्यवस्था तथा विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने दावा किया कि खनिज संपदा से झारखंड को मिलने वाली लगभग 15,000 करोड़ रुपये की संभावित वार्षिक राशि राज्य के विकास के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
उन्होंने कहा कि यदि राज्य के आर्थिक अधिकार कमजोर होते हैं या खनिज संसाधनों से मिलने वाली राशि पर राज्य का अधिकार प्रभावित होता है, तो इसका सीधा असर विकास योजनाओं पर पड़ सकता है। उनके अनुसार सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और ग्रामीण विकास जैसी योजनाओं के लिए आर्थिक संसाधन बेहद जरूरी हैं।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह मुद्दा केवल कांग्रेस पार्टी तक सीमित नहीं है, बल्कि इसे झारखंड के व्यापक हित से जोड़कर देखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य के संसाधनों से मिलने वाला राजस्व आम जनता के जीवन में बदलाव लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
डॉ. अंसारी ने कहा कि MMDR बिल के खिलाफ कांग्रेस का आंदोलन झारखंड के आदिवासी, मूलवासी, दलित, पिछड़े, अल्पसंख्यक और गरीब वर्गों के अधिकारों से जुड़ा हुआ है।

उन्होंने कहा, “यह सिर्फ कांग्रेस पार्टी की लड़ाई नहीं है, यह झारखंड के आदिवासी, मूलवासी, दलित, पिछड़े, अल्पसंख्यक और आम गरीब जनता के हक की लड़ाई है।”
उन्होंने आगे कहा कि राज्य के पास पर्याप्त आर्थिक संसाधन होंगे तो सड़कों का निर्माण, अस्पतालों का विस्तार, बच्चों की शिक्षा, रोजगार के अवसर और गांवों में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। इसके विपरीत आर्थिक संसाधनों में कमी का सबसे ज्यादा असर गरीब और वंचित परिवारों पर पड़ सकता है।
स्वास्थ्य मंत्री ने भाजपा की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि झारखंड के जल, जंगल, जमीन और खनिज संपदा पर राज्य के अधिकारों की रक्षा जरूरी है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा की नीतियां राज्य के आर्थिक एवं प्राकृतिक संसाधनों से जुड़े अधिकारों को कमजोर करने वाली हैं।
उन्होंने कहा कि झारखंड की जनता अपने अधिकारों को लेकर जागरूक है और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठाती रही है। उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से अपील की कि 7 सितंबर को बड़ी संख्या में रांची पहुंचकर राजभवन घेराव कार्यक्रम में भाग लें।

डॉ. अंसारी ने कहा कि अब चुप बैठने का समय नहीं है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन में शामिल होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी राज्य के अधिकारों और जनता के हितों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठाती रहेगी।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य की आर्थिक क्षमता का सीधा संबंध स्वास्थ्य व्यवस्था से भी है। अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों का विस्तार, दवाइयों की उपलब्धता, आधुनिक मशीनों की व्यवस्था, डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों की सुविधाएं तथा ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए पर्याप्त आर्थिक संसाधनों की आवश्यकता होती है।
उन्होंने कहा कि यदि राज्य के राजस्व और आर्थिक अधिकार प्रभावित होते हैं तो भविष्य में विकास के साथ-साथ स्वास्थ्य क्षेत्र में भी चुनौतियां बढ़ सकती हैं। इसलिए खनिज संसाधनों से जुड़े राज्य के अधिकारों की रक्षा जरूरी है।
आपात बैठक के दौरान जिला कांग्रेस कमेटी ने 7 सितंबर के कार्यक्रम को लेकर जामताड़ा जिले से रांची जाने वाले कार्यकर्ताओं की तैयारियों की समीक्षा की। इस दौरान प्रखंडवार कार्यकर्ताओं की भागीदारी, वाहनों की व्यवस्था और अधिक से अधिक संख्या में कार्यकर्ताओं को रांची पहुंचाने की रणनीति पर चर्चा की गई।
जिला कांग्रेस कमेटी के अनुसार, जामताड़ा से सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ताओं के रांची पहुंचने की तैयारी है। पार्टी नेताओं ने कार्यकर्ताओं से अनुशासन बनाए रखते हुए शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की।
बैठक में जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष दीपिका बेसरा, कार्यकारी अध्यक्ष विजय दुबे, निशापति हांसदा, आस्था, बीरबल अंसारी, अभय पांडेय, इरशाद उल हक, आरसी मनोज मुर्मू, तपन दास, निरोधी सोरेन, जिमोली बास्की, कयूम अंसारी, तनवीर अंसारी, भागीरथ पंडित, गोलक दुरी, रविंद्र हेंब्रम, संजीत मुर्मू, नगर अध्यक्ष अमरनाथ मिश्रा समेत कई नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
इसके अलावा प्रखंड अध्यक्ष राजा साहब, मास्टर दाऊद साहब, हरि बास्की, कमरुद्दीन अंसारी, मुबारक अंसारी, शफकत अंसारी, प्रकाश मंडल, मुस्तफा अंसारी, अरुण दास, रियाज रहमान, दानिश रहमान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बैठक में भाग लिया।
जिला कांग्रेस कमेटी ने कहा कि 7 सितंबर को रांची में होने वाला राजभवन घेराव झारखंड के अधिकारों की रक्षा के मुद्दे पर महत्वपूर्ण आंदोलन होगा। पार्टी का कहना है कि कार्यक्रम के जरिए केंद्र की नीतियों के खिलाफ राज्य की जनता की आवाज को मजबूती से उठाया जाएगा।
जामताड़ा कांग्रेस ने दावा किया कि जिले से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रांची पहुंचेंगे और आंदोलन में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करेंगे। पार्टी नेताओं के मुताबिक, कार्यक्रम का उद्देश्य शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से झारखंड के आर्थिक और प्राकृतिक संसाधनों पर राज्य के अधिकारों की मांग को मजबूती से सामने रखना है।
कुल मिलाकर, MMDR बिल को लेकर झारखंड की राजनीति में एक बार फिर राजनीतिक बयानबाजी तेज होती दिखाई दे रही है। 7 सितंबर का कांग्रेस का प्रस्तावित राजभवन घेराव इस मुद्दे पर पार्टी के विरोध प्रदर्शन का प्रमुख केंद्र होगा।









