Ranchi News : रांची जिला और महानगर दुर्गा पूजा समिति के संयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से की मुलाकात, पूजा समितियों ने जिला प्रशासन के सहयोग के लिए जताया आभार; मुख्यमंत्री ने पंडालों में नशा मुक्ति जागरूकता और पर्यावरण अनुकूल मूर्ति विसर्जन की अपील की।
Ranchi News : रांची में दुर्गा पूजा 2026 की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से दुर्गा पूजा समितियों के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने पर्यावरण अनुकूल मूर्ति विसर्जन, नशा मुक्ति जागरूकता, सुरक्षा, बिजली, पानी, सफाई और यातायात व्यवस्था को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव दिए।
Ranchi News : शारदीय नवरात्रि और दुर्गा पूजा को लेकर राजधानी रांची में तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में रांची जिला दुर्गा पूजा समिति, रांची महानगर दुर्गा पूजा समिति और विभिन्न शांति समितियों के संयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने 6 अक्टूबर 2026 को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात की। यह मुलाकात कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में हुई। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को चुनरी, मां दुर्गा की प्रतिमा और गुलदस्ता भेंट कर उनका स्वागत किया तथा आगामी दुर्गा पूजा उत्सव में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया।

मुलाकात के दौरान पूजा समितियों के सदस्यों ने कहा कि जिला प्रशासन की ओर से दुर्गा पूजा समितियों को लगातार सहयोग मिल रहा है। समितियों के अनुसार, पूजा आयोजन से जुड़ी विभिन्न समस्याओं और व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों के साथ समय-समय पर बैठकें की गईं और कई मामलों का समाधान पूजा शुरू होने से पहले ही किया गया। प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन के इस सहयोग के लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार जताया।
दुर्गा पूजा समितियों के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को रांची के विभिन्न पूजा पंडालों का सपरिवार भ्रमण करने और मां दुर्गा के दर्शन एवं महाआरती में शामिल होने के लिए सादर आमंत्रित किया। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को बताया कि राजधानी रांची में इस वर्ष भी कई आकर्षक और भव्य पूजा पंडाल तैयार किए जा रहे हैं।
समितियों की ओर से यह भी बताया गया कि पूजा पंडालों में श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को लेकर विशेष तैयारियां की जा रही हैं। भीड़ को नियंत्रित करने से लेकर अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पूजा समितियों के आमंत्रण को स्वीकार करते हुए कहा कि वे इस वर्ष दुर्गा पूजा उत्सव में शामिल होंगे और विभिन्न पूजा पंडालों का भ्रमण कर मां दुर्गा का आशीर्वाद लेंगे।

मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने दुर्गा पूजा समितियों के सामने पर्यावरण से जुड़ा एक महत्वपूर्ण विषय भी रखा। उन्होंने कहा कि आस्था और परंपरा को कायम रखते हुए मूर्ति विसर्जन की प्रक्रिया पर्यावरण अनुकूल होनी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से तालाबों और अन्य जलाशयों पर पड़ने वाले प्रभाव का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रतिमा विसर्जन के बाद जलाशयों की स्थिति पर्यावरण के लिए चुनौती बन सकती है। ऐसे में राज्य सरकार और पूजा समितियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर पर्यावरण अनुकूल विसर्जन की कार्ययोजना तैयार करने की आवश्यकता है।
उन्होंने पूजा समितियों से अपील की कि प्रतिमा विसर्जन के लिए वैकल्पिक व्यवस्था विकसित की जाए, जिससे धार्मिक परंपराओं का पालन भी हो और पर्यावरण को होने वाले नुकसान को भी कम किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने दुर्गा पूजा समितियों से पूजा पंडालों में नशा मुक्ति जागरूकता से जुड़े होर्डिंग और बैनर लगाने की अपील की। उन्होंने कहा कि नशा मुक्ति के लिए सरकार के साथ सामाजिक और धार्मिक संगठनों की भागीदारी भी जरूरी है।
मुख्यमंत्री के अनुसार, युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए समाज के स्तर पर लगातार जागरूकता अभियान चलाने की आवश्यकता है। पूजा जैसे बड़े सार्वजनिक आयोजनों के दौरान बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी होती है, इसलिए ऐसे अवसरों का इस्तेमाल सामाजिक जागरूकता के लिए भी किया जा सकता है।

पूजा समितियों के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री को भरोसा दिलाया कि पंडालों में नशा मुक्ति जागरूकता से जुड़े बैनर और होर्डिंग लगाए जाएंगे। इसके साथ ही अनाउंसमेंट के माध्यम से भी लोगों, खासकर युवाओं को नशे से दूर रहने का संदेश देने की पहल की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने दुर्गा पूजा को शक्ति की उपासना और असत्य पर सत्य की विजय का पर्व बताते हुए पूजा समितियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि दुर्गा पूजा जैसे त्योहार समाज में आपसी भाईचारे, सांस्कृतिक एकता और सामाजिक सौहार्द को मजबूत करने का अवसर भी प्रदान करते हैं।
मुख्यमंत्री ने प्रशासन को त्योहार के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए। बिजली, पानी, साफ-सफाई और यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने पर भी जोर दिया गया।
विशेष रूप से महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को पूजा पंडालों में दर्शन के दौरान किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की बात कही गई।
मुलाकात के दौरान रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री और वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन भी मौजूद रहे। उन्होंने मुख्यमंत्री को जिले में दुर्गा पूजा को लेकर प्रशासन की ओर से की जा रही तैयारियों की जानकारी दी।
पूरे संवाद में एक बात प्रमुख रूप से सामने आई कि दुर्गा पूजा के सफल और शांतिपूर्ण आयोजन के लिए पूजा समितियों तथा जिला प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है। पूजा समितियों ने प्रशासन के सहयोग को आयोजन की तैयारियों में महत्वपूर्ण बताया, जबकि मुख्यमंत्री ने भी समितियों से सामाजिक जिम्मेदारियों में सक्रिय भागीदारी की अपील की।
इस वर्ष पूजा आयोजनों के दौरान धार्मिक आस्था के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण, नशा मुक्ति जागरूकता और श्रद्धालुओं की सुरक्षा जैसे मुद्दों को भी प्रमुखता देने की बात कही गई है। ऐसे में रांची में होने वाले दुर्गा पूजा आयोजनों में धार्मिक उत्सव के साथ सामाजिक संदेशों को भी स्थान मिलने की उम्मीद है।
प्रतिनिधिमंडल में रांची जिला दुर्गा पूजा समिति से मनोज पांडेय (बबलू), राजेंद्र सिंह, मुनचुन राय, विक्की यादव, राहुल यादव, अशोक चौधरी, राहुल अग्रवाल, अशोक पुरोहित, रमेश गुप्ता और मयंक गिरी सहित अन्य सदस्य शामिल रहे।
वहीं रांची महानगर दुर्गा पूजा समिति की ओर से अजीत सहाय, रवींद्र वर्मा, संजय मिनोचा, सागर कुमार, अमरनाथ सरकार, लखपति साव, विनोद यादव, राजन वर्मा और समीर सिंह मौजूद रहे। शांति समिति से जय सिंह यादव, बादल सिंह सहित अन्य प्रतिनिधि भी मुलाकात में शामिल हुए।
दुर्गा पूजा की तैयारियों के बीच मुख्यमंत्री और पूजा समितियों की इस मुलाकात से एक ओर जहां आयोजन को लेकर प्रशासनिक समन्वय की तस्वीर सामने आई, वहीं पर्यावरण संरक्षण और नशा मुक्ति जैसे सामाजिक मुद्दों को उत्सव से जोड़ने पर भी जोर दिया गया। अब राजधानी रांची में श्रद्धालुओं की नजर भव्य पूजा पंडालों, बेहतर व्यवस्थाओं और शांतिपूर्ण आयोजन पर रहेगी।









