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Deoghar News : भारत के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत पहुंचे देवघर, एयरपोर्ट पर जिला प्रशासन ने किया भव्य स्वागत

Megha Sinha

Deoghar News : CJI जस्टिस सूर्यकांत के देवघर दौरे को लेकर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम, 1500 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात; व्यवहार न्यायालय में झालसा के विधिक सेवा-सह-सशक्तिकरण शिविर में होंगे शामिल

Deoghar News : सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत देवघर पहुंचे। एयरपोर्ट पर जिला प्रशासन ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर स्वागत किया। बाबा बैद्यनाथ धाम में पूजा, विधिक सेवा शिविर और सुरक्षा व्यवस्था की पूरी जानकारी पढ़ें।

Deoghar News : भारत के सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस सूर्यकांत आज दोपहर देवघर एयरपोर्ट पहुंचे। उनके आगमन को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस विभाग की ओर से विशेष तैयारियां की गई थीं। एयरपोर्ट पर जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर उनका भव्य स्वागत किया। मुख्य न्यायाधीश के देवघर पहुंचने के साथ ही प्रशासनिक और सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सक्रिय नजर आई।

भारत के मुख्य न्यायाधीश बनने के बाद जस्टिस सूर्यकांत का यह पहला देवघर दौरा है। उनके आगमन को न्यायिक और प्रशासनिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। एयरपोर्ट पर औपचारिक स्वागत के बाद उनका काफिला कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शहर की ओर रवाना हुआ। इस दौरान सुरक्षा एजेंसियां और प्रशासनिक अधिकारी निर्धारित व्यवस्था के अनुसार सक्रिय रहे।

जस्टिस सूर्यकांत के देवघर दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। एयरपोर्ट से लेकर शहर के विभिन्न महत्वपूर्ण स्थानों तक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है। मुख्य न्यायाधीश के निर्धारित कार्यक्रमों को देखते हुए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को आवश्यक जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

देवघर में उनके आगमन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा गया है। एयरपोर्ट, हाईकोर्ट गेस्टहाउस, बाबा बैद्यनाथ धाम और व्यवहार न्यायालय परिसर तक जाने वाले मार्गों पर सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए हैं। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य निर्धारित कार्यक्रमों को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराना और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना है।

मुख्य न्यायाधीश जैसे महत्वपूर्ण संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्ति के दौरे के दौरान सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना प्रशासन की प्रमुख जिम्मेदारी होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए देवघर जिला प्रशासन ने विभिन्न स्तरों पर तैयारियां की हैं।

मुख्य न्यायाधीश के देवघर दौरे को लेकर सुरक्षा व्यवस्था का व्यापक स्तर पर विस्तार किया गया है। शहर में 1500 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। सुरक्षा के लिहाज से एयरपोर्ट से लेकर हाईकोर्ट गेस्टहाउस, बाबा बैद्यनाथ धाम और कोर्ट परिसर तक के मार्गों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।

सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए निर्धारित रूट पर 134 ड्रॉप गेट और 223 बैरियर लगाए गए हैं। इन व्यवस्थाओं के माध्यम से संवेदनशील और महत्वपूर्ण मार्गों पर सुरक्षा नियंत्रण सुनिश्चित करने की तैयारी की गई है।

इसके अलावा भारी वाहनों के प्रवेश पर चार घंटे की रोक लगाई गई है। इस निर्णय का उद्देश्य मुख्य न्यायाधीश के निर्धारित कार्यक्रमों के दौरान यातायात को नियंत्रित करना और सुरक्षा व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना है।

प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ यातायात प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक और विभिन्न मार्गों पर बैरियर लगाए जाने से शहर के कुछ हिस्सों में यातायात प्रभावित हो सकता है। ऐसे में आम लोगों को प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करने की आवश्यकता है।

जस्टिस सूर्यकांत के देवघर दौरे का एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम देवघर व्यवहार न्यायालय परिसर में आयोजित होने वाला विधिक सेवा-सह-सशक्तिकरण शिविर है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्य न्यायाधीश शाम को इस शिविर में शामिल होंगे। इस कार्यक्रम का आयोजन झालसा यानी झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से किया जा रहा है।

विधिक सेवा और सशक्तिकरण शिविरों का उद्देश्य आम नागरिकों तक कानूनी सहायता और न्याय से संबंधित जानकारी पहुंचाना होता है। ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को कानून, उनके अधिकारों और उपलब्ध विधिक सहायता से जुड़ी जानकारी प्रदान करने का अवसर मिलता है।

न्याय व्यवस्था का महत्वपूर्ण उद्देश्य केवल विवादों का समाधान करना ही नहीं, बल्कि नागरिकों को न्याय तक पहुंचने के अवसर उपलब्ध कराना भी है। विधिक सेवा से जुड़े कार्यक्रम इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विशेष रूप से समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों के लिए कानूनी सहायता की उपलब्धता बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है।

देवघर व्यवहार न्यायालय परिसर में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में मुख्य न्यायाधीश की उपस्थिति न्यायिक क्षेत्र से जुड़े लोगों और कार्यक्रम में शामिल होने वाले प्रतिभागियों के लिए महत्वपूर्ण अवसर होगी।

देवघर दौरे के दौरान जस्टिस सूर्यकांत बाबा बैद्यनाथ धाम में भी पूजा-अर्चना करेंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार वे बाबा बैद्यनाथ मंदिर में रुद्राभिषेक भी करेंगे।

देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है। यह मंदिर भगवान शिव के बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक के रूप में प्रसिद्ध है और धार्मिक दृष्टि से विशेष महत्व रखता है। यहां वर्षभर श्रद्धालुओं का आगमन होता है, जबकि श्रावणी मेले के दौरान देश के विभिन्न हिस्सों से बड़ी संख्या में भक्त बाबा के दर्शन करने पहुंचते हैं।

बाबा बैद्यनाथ धाम में पूजा-अर्चना और रुद्राभिषेक जस्टिस सूर्यकांत के देवघर दौरे का धार्मिक पक्ष होगा। उनके आगमन को लेकर मंदिर और संबंधित मार्गों पर भी सुरक्षा व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा जा रहा है।

जस्टिस सूर्यकांत का देवघर दौरा न्यायिक और धार्मिक दोनों दृष्टियों से महत्वपूर्ण है। एक ओर वे झालसा द्वारा आयोजित विधिक सेवा-सह-सशक्तिकरण शिविर में शामिल होंगे, वहीं दूसरी ओर बाबा बैद्यनाथ धाम में पूजा-अर्चना और रुद्राभिषेक करेंगे।

इस दौरे के दौरान जिला प्रशासन, पुलिस विभाग और संबंधित अधिकारियों की भूमिका महत्वपूर्ण रहेगी। निर्धारित कार्यक्रमों को व्यवस्थित रूप से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने पहले से सुरक्षा और यातायात संबंधी तैयारियां की हैं।

मुख्य न्यायाधीश के आगमन से देवघर में प्रशासनिक गतिविधियां तेज हुई हैं। एयरपोर्ट से लेकर न्यायालय परिसर और मंदिर तक सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। 1500 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती, 134 ड्रॉप गेट, 223 बैरियर और भारी वाहनों के प्रवेश पर चार घंटे की रोक इस विशेष सुरक्षा व्यवस्था का हिस्सा हैं।