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Hemant Soren से झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन की मुलाकात, संताली भाषा के मुद्दों पर मुख्यमंत्री ने दिया आवश्यक पहल का आश्वासन

Megha Sinha

झारखंड के मुख्यमंत्री Hemant Soren से शनिवार को “झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन” के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की। रांची के कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में हुई इस महत्वपूर्ण मुलाकात के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने संताली भाषा से संबंधित विभिन्न मुद्दों, समस्याओं, मांगों और अपेक्षाओं को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरतापूर्वक सुना और भरोसा दिलाया कि उनके द्वारा उठाए गए विषयों पर आवश्यक पहल की जाएगी।

यह मुलाकात झारखंड में संताली भाषा और उससे जुड़े सामाजिक, शैक्षणिक तथा सांस्कृतिक मुद्दों के संदर्भ में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री Hemant Soren को संताली भाषा से जुड़ी वर्तमान चुनौतियों और विभिन्न आवश्यकताओं की जानकारी विस्तार से दी।

मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में आयोजित मुलाकात के दौरान झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन के प्रतिनिधिमंडल ने अपनी बात रखते हुए संताली भाषा से संबंधित कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को बताया कि संताली भाषा से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में अभी भी कई समस्याएं और चुनौतियां मौजूद हैं, जिनके समाधान के लिए प्रभावी पहल की आवश्यकता है।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने प्रतिनिधिमंडल द्वारा रखे गए सभी विषयों को गंभीरता से सुना। उन्होंने मामले से संबंधित जानकारी ली और प्रतिनिधियों की मांगों तथा अपेक्षाओं को समझने का प्रयास किया। मुख्यमंत्री Hemant Soren ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उनके द्वारा उठाए गए मुद्दों पर आवश्यक कार्रवाई और पहल की जाएगी।

झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन लंबे समय से संताली समाज, संताली भाषा और उससे जुड़े विद्यार्थियों के हितों से संबंधित विषयों को उठाता रहा है। मुख्यमंत्री से मुलाकात के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने संताली भाषा की स्थिति और इससे संबंधित विभिन्न समस्याओं को सामने रखा।

संताली भाषा झारखंड के आदिवासी समाज की सांस्कृतिक पहचान का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। भाषा किसी भी समाज की संस्कृति, इतिहास, परंपरा और सामाजिक पहचान को संरक्षित रखने का महत्वपूर्ण माध्यम होती है। ऐसे में संताली भाषा से जुड़े विषयों पर छात्रों और सामाजिक संगठनों की सक्रियता लगातार बनी हुई है।

प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के सामने अपनी मांगों और अपेक्षाओं को रखते हुए भाषा से संबंधित समस्याओं के समाधान की दिशा में सरकार से आवश्यक पहल की मांग की। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधियों को आश्वस्त किया कि उनके द्वारा उठाए गए विषयों पर विचार किया जाएगा और आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन के प्रतिनिधिमंडल की यह मुलाकात रांची के कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में हुई। मुलाकात के दौरान प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने मुख्यमंत्री को विभिन्न विषयों से अवगत कराया।

राज्य सरकार द्वारा विभिन्न सामाजिक, शैक्षणिक और सांस्कृतिक विषयों पर प्रतिनिधिमंडलों से बातचीत की जाती रही है। मुख्यमंत्री के साथ इस मुलाकात को भी इसी क्रम में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रतिनिधिमंडल ने अपनी समस्याओं और अपेक्षाओं को सीधे मुख्यमंत्री के समक्ष रखने का अवसर प्राप्त किया।

मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों के साथ बातचीत करते हुए पूरे मामले की जानकारी ली और उन्हें आश्वस्त किया कि सरकार उनके द्वारा उठाए गए विषयों पर आवश्यक पहल करेगी।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलने वाले झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन के प्रतिनिधिमंडल में संगठन के कई प्रमुख पदाधिकारी और सदस्य शामिल थे। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व यूनियन के अध्यक्ष विजय कुमार हांसदा ने किया।

मुलाकात के दौरान यूनियन की उपाध्यक्ष सबिता बास्के, सचिव हरिश चन्द्र मरांडी, संयुक्त सचिव संगम लता कुमारी और कोषाध्यक्ष बाबूलाल हेम्ब्रम भी मौजूद रहे। इसके अलावा आनंद, गोपाल चन्द्र हांसदा सहित संगठन के अन्य सदस्य भी मुख्यमंत्री से मुलाकात करने वाले प्रतिनिधिमंडल में शामिल थे।

प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने मुख्यमंत्री के सामने संगठन की ओर से संताली भाषा से जुड़े विभिन्न विषयों को रखा और समाधान की दिशा में सरकार से आवश्यक पहल करने की अपेक्षा जताई।

झारखंड की सांस्कृतिक पहचान में विभिन्न आदिवासी भाषाओं और समुदायों का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। संताली भाषा भी राज्य की प्रमुख भाषाई और सांस्कृतिक विरासत का हिस्सा है। संताली समाज की परंपराएं, लोककथाएं, गीत, साहित्य और सामाजिक इतिहास भाषा के माध्यम से पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ते रहे हैं।

यही कारण है कि संताली भाषा के संरक्षण और विकास से जुड़े मुद्दों को लेकर सामाजिक संगठनों और छात्र संगठनों द्वारा समय-समय पर आवाज उठाई जाती है। झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन भी इसी दिशा में सक्रिय भूमिका निभा रहा है।

भाषा के संरक्षण के साथ-साथ शिक्षा, सामाजिक विकास और विद्यार्थियों से जुड़े विषय भी संगठनों के लिए महत्वपूर्ण रहे हैं। ऐसे में मुख्यमंत्री के साथ प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात से संताली भाषा से जुड़े मुद्दों पर आगे सकारात्मक पहल की उम्मीद जताई जा रही है।

प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा उनकी बातों को गंभीरता से सुनने और आवश्यक पहल का आश्वासन दिए जाने पर उम्मीद जताई है कि संताली भाषा से जुड़े मुद्दों पर आगे सकारात्मक कदम उठाए जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को स्पष्ट रूप से आश्वस्त किया कि उनके द्वारा उठाए गए विषयों पर आवश्यक पहल की जाएगी। इससे संगठन के सदस्यों को उम्मीद है कि उनकी मांगों और अपेक्षाओं पर सरकार की ओर से विचार किया जाएगा।

हालांकि, इस मुलाकात के दौरान संताली भाषा से संबंधित सभी मुद्दों और मांगों का विस्तृत विवरण सार्वजनिक रूप से साझा नहीं किया गया है, लेकिन मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद संगठन और संताली समाज से जुड़े लोगों की नजर आगे होने वाली सरकारी पहल पर रहेगी।

झारखंड में छात्र संगठनों ने लंबे समय से सामाजिक, शैक्षणिक, भाषाई और सांस्कृतिक मुद्दों को लेकर सक्रिय भूमिका निभाई है। झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन भी संताली समाज और विद्यार्थियों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाता रहा है।

प्रतिनिधिमंडल की मुख्यमंत्री से मुलाकात इस बात का संकेत है कि छात्र संगठन अपने समुदाय और भाषा से जुड़े विषयों को लेकर सरकार तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं। प्रत्यक्ष संवाद के माध्यम से समस्याओं और मांगों को सरकार के सामने रखने से समाधान की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने में मदद मिल सकती है।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन के प्रतिनिधिमंडल के बीच हुई यह मुलाकात संताली भाषा से जुड़े मुद्दों को लेकर महत्वपूर्ण मानी जा रही है। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को ध्यान से सुनने के बाद आवश्यक पहल का भरोसा दिया है।

अब सभी की नजर इस बात पर रहेगी कि प्रतिनिधिमंडल द्वारा उठाए गए मुद्दों पर सरकार की ओर से आगे किस प्रकार की कार्रवाई की जाती है। संताली भाषा और उससे जुड़े विषयों पर किसी भी संभावित सरकारी पहल से छात्र संगठनों और संताली समाज की अपेक्षाएं जुड़ी रहेंगी।

मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में हुई इस मुलाकात के दौरान झारखंड संतल स्टूडेंट्स यूनियन के अध्यक्ष विजय कुमार हांसदा, उपाध्यक्ष सबिता बास्के, सचिव हरिश चन्द्र मरांडी, संयुक्त सचिव संगम लता कुमारी, कोषाध्यक्ष बाबूलाल हेम्ब्रम, आनंद, गोपाल चन्द्र हांसदा सहित अन्य सदस्य उपस्थित थे।