

झारखंड के मुख्यमंत्री CM Hemant Soren ने राज्य की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना, विधिविधान से संपन्न हुई पूजा
झारखंड के मुख्यमंत्री CM Hemant Soren आज अपनी धर्मपत्नी विधायक कल्पना सोरेन के साथ प्रसिद्ध तीर्थस्थल रजरप्पा पहुंचे। यहां उन्होंने सिद्धपीठ माँ छिन्नमस्तिका मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर राज्यवासियों की सुख, समृद्धि, खुशहाली और उन्नति की कामना की।

झारखंड के धार्मिक और सांस्कृतिक मानचित्र पर विशेष स्थान रखने वाले रजरप्पा धाम में आज आस्था का विशेष दृश्य देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन अपनी धर्मपत्नी विधायक कल्पना सोरेन के साथ माँ छिन्नमस्तिका मंदिर पहुंचे। मंदिर परिसर में मुख्यमंत्री दंपति के आगमन से श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। सुरक्षा व्यवस्था के बीच मुख्यमंत्री ने मंदिर में प्रवेश कर पूरे विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।
CM Hemant Soren ने माँ छिन्नमस्तिका के चरणों में शीश झुकाकर राज्य की जनता के लिए सुख, समृद्धि, शांति और विकास की प्रार्थना की। उन्होंने नारियल बलि अर्पित की और रक्षा सूत्र बंधवाया। धार्मिक परंपराओं के अनुरूप मंदिर के पुरोहितों ने मंत्रोच्चार के साथ पूजा संपन्न कराई। इस दौरान मंदिर परिसर भक्तिमय माहौल से गूंज उठा।

माँ छिन्नमस्तिका मंदिर झारखंड ही नहीं, बल्कि पूरे देश में शक्ति उपासना का एक प्रमुख केंद्र माना जाता है। यह सिद्धपीठ दामोदर और भैरवी नदियों के संगम पर स्थित है, जहां हर वर्ष लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। मुख्यमंत्री के इस दौरे को राज्य की धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ाव के रूप में देखा जा रहा है।
पूजा-अर्चना के पश्चात CM Hemant Soren और विधायक कल्पना सोरेन ने मंदिर परिसर का अवलोकन भी किया। उन्होंने मंदिर की व्यवस्थाओं, श्रद्धालुओं की सुविधा और स्वच्छता संबंधी इंतजामों की जानकारी ली। इस अवसर पर मंदिर न्यास समिति के सदस्यों ने मुख्यमंत्री दंपति को प्रतीक चिन्ह भेंट कर सप्रेम सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री ने मंदिर न्यास समिति के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि रजरप्पा धाम झारखंड की धार्मिक पहचान का एक महत्वपूर्ण केंद्र है। यहां आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधाओं को और बेहतर बनाने के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने विश्वास जताया कि माँ छिन्नमस्तिका की कृपा से झारखंड विकास, शांति और समृद्धि के मार्ग पर आगे बढ़ता रहेगा।
स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं ने CM Hemant Soren के इस धार्मिक दौरे का स्वागत किया। उनका कहना था कि मुख्यमंत्री का मंदिर आगमन राज्य की खुशहाली और सकारात्मक ऊर्जा का संकेत है। कार्यक्रम के दौरान प्रशासनिक अधिकारी, मंदिर न्यास समिति के सदस्य और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन का यह दौरा न केवल धार्मिक आस्था से जुड़ा रहा, बल्कि यह संदेश भी देता है कि राज्य सरकार झारखंड की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को संजोने और आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। माँ छिन्नमस्तिका से आशीर्वाद लेकर मुख्यमंत्री ने राज्य के उज्ज्वल भविष्य की कामना की, जो झारखंडवासियों के लिए एक सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
