Koderma News : उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता ने कहा—प्रकृति और पर्यावरण की रक्षा हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी, पौधरोपण के साथ पौधों के संरक्षण का भी लें संकल्प
Koderma News : कोडरमा के झुमरी तिलैया नगर परिषद क्षेत्र स्थित बिरहोर टोला में वन विभाग की ओर से वन महोत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता, पुलिस अधीक्षक कुमार शिवाशीष, वन प्रमंडल पदाधिकारी सौमित्र शुक्ला सहित अन्य अतिथियों ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस दौरान आमजनों के बीच पौधों का वितरण भी किया गया और लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल एवं सुरक्षा का संकल्प लेने की अपील की गई।
कोडरमा। जिले में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से वन विभाग, कोडरमा के सौजन्य से नगर परिषद झुमरी तिलैया अंतर्गत वार्ड संख्या-02 स्थित बिरहोर टोला में वन महोत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारियों, वन विभाग के पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, स्थानीय लोगों और स्कूली छात्राओं ने भाग लिया। आयोजन के दौरान पौधरोपण के साथ लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता, पुलिस अधीक्षक कुमार शिवाशीष, वन प्रमंडल पदाधिकारी सौमित्र शुक्ला और नगर परिषद झुमरी तिलैया के अध्यक्ष रमेश हर्षधर सहित अन्य अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम की शुरुआत स्कूली बच्चियों द्वारा प्रस्तुत स्वागत गीत से हुई। स्वागत गीत के माध्यम से छात्राओं ने अतिथियों का अभिनंदन किया और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता का संदेश दिया।
वन महोत्सव के दौरान उपस्थित लोगों को अधिक से अधिक पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि पर्यावरण संरक्षण केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल, सुरक्षा और उनके विकास की जिम्मेदारी भी सुनिश्चित करनी होगी।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता ने कहा कि वृक्ष मानव जीवन और पर्यावरण के अभिन्न अंग हैं। पेड़-पौधे पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने के साथ-साथ स्वच्छ वायु और बेहतर जीवन के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण से जुड़ी चुनौतियां लगातार बढ़ रही हैं, ऐसे में पौधरोपण को जनभागीदारी से आगे बढ़ाना जरूरी है।
उपायुक्त ने कहा कि केवल पौधे लगा देने से पर्यावरण संरक्षण का उद्देश्य पूरा नहीं होगा। लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल और सुरक्षा भी उतनी ही जरूरी है। उन्होंने आम लोगों से अपील की कि वे अपने घर, गांव, मोहल्ले और आसपास के क्षेत्रों में अधिक से अधिक पौधे लगाएं और उनकी जिम्मेदारी भी निभाएं।
उन्होंने कहा कि आज लगाए गए पौधे आने वाली पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक संपदा का आधार बनेंगे। इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को पर्यावरण संरक्षण को अपनी दैनिक जिम्मेदारी का हिस्सा बनाना चाहिए। सामूहिक प्रयासों से ही हरित और स्वस्थ समाज का निर्माण संभव है।
पुलिस अधीक्षक कुमार शिवाशीष ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण किसी एक विभाग या संस्था की जिम्मेदारी नहीं है। यह समाज के प्रत्येक नागरिक का सामूहिक दायित्व है। उन्होंने कहा कि बढ़ते पर्यावरणीय असंतुलन के बीच पेड़-पौधों का महत्व और भी बढ़ गया है।
उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि यदि प्रत्येक व्यक्ति पौधरोपण के साथ उसकी सुरक्षा और देखभाल का संकल्प ले, तो पर्यावरण को हरा-भरा और सुरक्षित बनाने में बड़ा योगदान दिया जा सकता है। उन्होंने वन महोत्सव जैसे आयोजनों को जनभागीदारी से व्यापक अभियान का रूप देने पर जोर दिया।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण का प्रभाव केवल वर्तमान पीढ़ी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि इसका सीधा संबंध आने वाली पीढ़ियों के जीवन और स्वास्थ्य से है। ऐसे में समाज के सभी वर्गों को इस दिशा में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
वन प्रमंडल पदाधिकारी सौमित्र शुक्ला ने वन महोत्सव के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आयोजन का मुख्य उद्देश्य लोगों में वन एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। उन्होंने कहा कि पेड़-पौधे जल, वायु और जैव विविधता के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कहा कि पौधरोपण के बाद उनकी नियमित देखभाल नहीं होने पर पौधों के जीवित रहने की संभावना कम हो जाती है। इसलिए पौधे लगाने के साथ-साथ उन्हें पर्याप्त पानी, सुरक्षा और आवश्यक देखभाल उपलब्ध कराना भी जरूरी है।
वन प्रमंडल पदाधिकारी ने आमजनों से वन संरक्षण के प्रयासों में सहभागी बनने और अपने आसपास हरियाली बढ़ाने की अपील की। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे व्यक्तिगत प्रयास मिलकर बड़े पर्यावरणीय अभियान का रूप ले सकते हैं।
वन महोत्सव के दौरान उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता, पुलिस अधीक्षक कुमार शिवाशीष, वन प्रमंडल पदाधिकारी सौमित्र शुक्ला, नगर परिषद झुमरी तिलैया के अध्यक्ष रमेश हर्षधर सहित अन्य अतिथियों और वन विभाग के पदाधिकारियों एवं कर्मियों ने पौधरोपण किया।
पौधरोपण के माध्यम से लोगों को पर्यावरण संरक्षण और अधिक से अधिक हरियाली बढ़ाने का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में लगाए गए पौधे आने वाले समय में क्षेत्र की हरियाली बढ़ाने के साथ-साथ पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में योगदान देंगे।
इसके अलावा वन विभाग की ओर से उपस्थित आमजनों के बीच पौधों का वितरण भी किया गया। लोगों से इन पौधों को अपने घरों और आसपास के उपयुक्त स्थानों पर लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल करने की अपील की गई।
वन महोत्सव के आयोजन ने यह संदेश दिया कि पर्यावरण संरक्षण को प्रभावी बनाने के लिए सरकारी प्रयासों के साथ आम लोगों की भागीदारी भी आवश्यक है। प्रशासन और वन विभाग द्वारा पौधरोपण को प्रोत्साहित करने के साथ स्थानीय समुदाय को पौधों की सुरक्षा और देखभाल से जोड़ने पर जोर दिया गया।
बिरहोर टोला जैसे क्षेत्रों में इस तरह के आयोजन पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ स्थानीय समुदायों के बीच जागरूकता बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। यदि पौधरोपण के बाद स्थानीय स्तर पर नियमित निगरानी और देखभाल सुनिश्चित की जाए, तो इन अभियानों का दीर्घकालिक प्रभाव और बेहतर हो सकता है।
कार्यक्रम में वन क्षेत्र पदाधिकारी, कोडरमा रामबाबू कुमार, सुजीत कुमार सोनी, राहुल कुमार, पूनम राम, अनिल कुमार दास, राहुल कुमार यादव, ललन किशोर, अमरेंद्र कुमार, छत्रपति शिवाजी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
वन महोत्सव के माध्यम से प्रशासन और वन विभाग ने लोगों से प्रकृति के साथ जिम्मेदार व्यवहार करने, अधिक से अधिक पौधे लगाने और लगाए गए पौधों को संरक्षित करने का आह्वान किया। कार्यक्रम का मूल संदेश यही रहा कि हर पौधा केवल हरियाली नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित और स्वस्थ भविष्य की उम्मीद है।









