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Hemant Soren: झारखंड का नेतृत्व एक किसान का बेटा कर रहा है, सुखाड़ को लेकर जल्द होगा निर्णय

Arti Agarwal

Hemant Soren: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन हजारीबाग जिले के विनोबा भावे विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित प्रमंडल स्तरीय कार्यक्रम में शामिल होने पहुँचे थे. मुख्यमंत्री यहाँ मेगा केसीसी वितरण कार्यक्रम में शामिल हुए. उनके साथ कृषि मंत्री बादल पत्रलेख, मंत्री सत्यानंद भोक्ता, बडकागांव विधायक अम्बा प्रसाद, बरही विधायक अकेला यादव सहित अन्य विधानसभा क्षेत्र के विधायक मौजूद रहे.

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सीएम ने अपने संबोधन में कहा कि जिनके लिए योजनाएं बनती है वे जरूरतमंद लोगों तक पहुँचती है या नहीं हम यह सबसे पहले देखते है. उन्होंने आगे कहा की मौजूदा सरकार जो भी कार्य योजना बनाती है उनमें सबसे पहले ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले किसान, मजदूर सहित अन्य तक कैसे योजनओं को पहुंचाते हुए उन्हें कैसे पैरो पर खड़ा करें यह हमारी प्राथमिकता होती है. सीएम ने आगे कहा है कि जब तक ग्रामीण क्षेत्र मजबूत नहीं होंगे तब तक राज्य मजबूत नहीं हो सकता है.

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मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राज्य में उपजे सुखाड़ के हालातों पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि पूर्व की सरकारों ने राज्य के किसानों और ग्रामीणों के लिए कोई योजना नहीं बना सकती जिसका दुष्परिणाम आज राज्य के किसानों को भुगतना पड़ रहा है. पूर्व की सरकारों ने सिर्फ राज्य को पीछे ले जाने और लुटने के दृष्टिकोण से व्यापारियों के लिए नियम और कानून बने लेकिन किसनों के लिए कुछ नहीं हुआ. आज आपकी सरकारी राज्य में उपजे सुखाड़ के हालात को लेकर चिंतित है और मंथन कर रही है. बे-मौसम बारिश के कारण किसानों को खेती करने में परेशानी होती है साथ की जानकारी का अभाव होने के कारण नई तकनीकों का इस्तेमाल नहीं कर पाते है. हमारी सरकार ने राज्य के इतिहास में पहली बार कृषि पदाधिकारियों की नियुक्ति हुई है ताकि राज्य के किसानों को सही समय पर जानकारिया उपलब्ध हो और बेहतर किसानी हो सके.

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