Ranchi News : रांची जनता दरबार में उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री का मानवीय और सख्त रवैया, जमीन म्यूटेशन से लेकर मुआवजा भुगतान तक कई मामलों में त्वरित कार्रवाई के निर्देश
Ranchi News : रांची समाहरणालय में आयोजित जनता दरबार में उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने एक बार फिर संवेदनशील प्रशासन की मिसाल पेश की। दिव्यांग युवक को तत्काल इलेक्ट्रिक ट्राईसाइकिल उपलब्ध कराने के साथ-साथ जमीन म्यूटेशन में गड़बड़ी करने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। जनता दरबार में पहुंचे लोगों की समस्याओं का मौके पर समाधान करने की कोशिश की गई।

जनता दरबार में उमड़ी लोगों की भीड़, समस्याओं के समाधान पर जोर
रांची समाहरणालय में आयोजित जनता दरबार में मंगलवार को बड़ी संख्या में लोग अपनी विभिन्न समस्याओं को लेकर पहुंचे। जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने एक-एक कर सभी फरियादियों की बातें गंभीरता से सुनीं और संबंधित विभागों के अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। जनता दरबार के दौरान प्रशासन का एक ओर संवेदनशील चेहरा देखने को मिला तो दूसरी ओर लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों और अधिकारियों के प्रति सख्त रवैया भी नजर आया।
दिव्यांग युवक को मिली नई उम्मीद
जनता दरबार के दौरान सबसे भावुक पल तब देखने को मिला जब रांची निवासी दिव्यांग युवक शाहनवाज आलम हाथों के सहारे चलकर उपायुक्त के सामने पहुंचे। चलने-फिरने में असमर्थ शाहनवाज ने अपनी परेशानियों को उपायुक्त के समक्ष रखा। उनकी स्थिति देखकर उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने मामले को गंभीरता से लिया और तत्काल संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दस्तावेजों की जांच करने का निर्देश दिया।
दस्तावेजों की प्रक्रिया पूरी होते ही कुछ ही देर में शाहनवाज आलम को इलेक्ट्रिक ट्राईसाइकिल उपलब्ध करा दी गई। ट्राईसाइकिल मिलने के बाद शाहनवाज के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। जनता दरबार में मौजूद लोगों ने भी प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना की। यह दृश्य वहां मौजूद लोगों के लिए भावुक और प्रेरणादायक बन गया।

जमीन म्यूटेशन मामले में कर्मचारियों पर सख्ती
जनता दरबार में जमीन से जुड़े कई मामले भी सामने आए, जिन पर उपायुक्त ने सख्त रुख अपनाया। अनगड़ा अंचल से जुड़े एक मामले में दस्तावेजों की अनदेखी करते हुए गलत तरीके से एक व्यक्ति के नाम जमीन म्यूटेशन किए जाने की शिकायत सामने आई। मामले की गंभीरता को देखते हुए उपायुक्त ने तत्कालीन कर्मचारी के खिलाफ आरोप पत्र गठित करने का निर्देश दिया।
उपायुक्त ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जमीन संबंधी मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ कार्य करने का निर्देश दिया।

सोनाहातू में लंबित मामलों पर फटकार
सोनाहातू अंचल में प्लॉट सुधार से जुड़े कई मामले लंबे समय से लंबित पाए गए। इस पर उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने नाराजगी जाहिर करते हुए संबंधित अंचल अधिकारी को फटकार लगाई। उन्होंने निर्देश दिया कि एक माह के भीतर सभी लंबित मामलों का निष्पादन सुनिश्चित किया जाए।
उपायुक्त ने कहा कि आम लोगों को छोटे-छोटे कामों के लिए बार-बार कार्यालयों के चक्कर लगाने पर मजबूर नहीं किया जाना चाहिए। प्रशासन का उद्देश्य जनता को समय पर न्याय और सुविधा उपलब्ध कराना है।

कब्रिस्तान की जमीन पर कब्जे की शिकायत
माण्डर अंचल से कब्रिस्तान की जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत भी जनता दरबार में पहुंची। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त ने तत्काल जांच के आदेश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सरकारी जमीन या सार्वजनिक उपयोग की जमीन पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निष्पक्ष जांच कर जल्द रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया। साथ ही यह भी कहा कि दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

आंगनबाड़ी सेविकाओं ने उठाई मानदेय की समस्या
जनता दरबार में आंगनबाड़ी सेविकाओं ने भी अपनी समस्याएं रखीं। सेविकाओं ने अनियमित मानदेय भुगतान और पोषाहार राशि में गड़बड़ी की शिकायत उपायुक्त से की। इस पर उपायुक्त ने जिला समाज कल्याण पदाधिकारी को तत्काल मामले की जांच कर समाधान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि महिला एवं बाल विकास योजनाओं से जुड़े कर्मियों की समस्याओं का समय पर समाधान होना जरूरी है ताकि योजनाओं का लाभ सही तरीके से लोगों तक पहुंच सके।

लंबित मुआवजा भुगतान पर भी निर्देश
भूमि अधिग्रहण के बाद मुआवजा भुगतान में हो रही देरी के मामले भी जनता दरबार में उठे। इस पर उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को एनएचएआई के साथ समन्वय स्थापित कर लंबित भुगतान जल्द पूरा कराने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि जिन लोगों की जमीन अधिग्रहित की गई है, उन्हें समय पर मुआवजा मिलना उनका अधिकार है और इसमें अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।
प्रशासन और जनता के बीच नहीं होना चाहिए गैप
जनता दरबार के अंत में उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने कहा कि प्रशासन और जनता के बीच किसी भी प्रकार का गैप नहीं होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि छोटी समस्याओं का समाधान प्रखंड और अंचल स्तर पर ही सुनिश्चित किया जाए ताकि लोगों को जिला मुख्यालय तक आने की जरूरत न पड़े।
उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान और व्यवस्था में जवाबदेही सुनिश्चित करना है।

