Skip to content
para teacher

Para Teacher: हेमंत सरकार का बड़ा फैसला, झारखंड के मृत सहायक अध्यापकों के आश्रितों को मिलेगी नौकरी

Shah Ahmad

Para Teacher: झारखंड में कार्यरत पारा शिक्षकों को हेमंत सरकार (Hemant Government) ने स्थाई करते हुए सहायक शिक्षक का नाम दिया हैं. उन्हें स्थाई करने के बाद झारखंड (Jharkhand) की हेमंत सोरेन सरकार एक और बड़ा तोहफ़ा देने जा रही हैं. अब झारखंड के मृत सहायक अध्यापकों (पारा शिक्षकों) के आश्रितों को अनुकंपा के आधार पर नौकरी मिलेगी।

Advertisement
Para Teacher: हेमंत सरकार का बड़ा फैसला, झारखंड के मृत सहायक अध्यापकों के आश्रितों को मिलेगी नौकरी 1

आश्रित अगर ट्रेंड होंगे तो उनकी नियुक्ति सीधे सहायक अध्यापक के रूप में की जाएगी। ट्रेंड के साथ अगर टीईटी भी हैं तो उन्हें टेट-प्रशिक्षित के मानदेय का भुगतान किया जाएगा। स्कूली शिक्षा व साक्षरता विभाग ने सभी जिलों से नियमावली बनने के बाद से मृत सहायक अध्यापकों के आश्रितों की रिपोर्ट मांगी है। सहायक अध्यापकों की सेवा शर्त नियमावली का गठन फरवरी 2022 में हुआ है। इसमें उनका नामकरण भी पारा शिक्षक (Para Teachers) से सहायक अध्यापक किया गया हैं। स्कूली शिक्षा व साक्षरता विभाग ने नियमावली में स्पष्ट किया है कि कार्यावधि में सहायक अध्यापक की मृत्यु होने की स्थिति में शिक्षक की अर्हता पूरी करने पर मृतक के एक आश्रित को अनुकंपा का लाभ मिलेगा। ऐसे में जिलों को मृत सहायक अध्यापकों के आश्रितों को नौकरी के लिए प्रस्ताव उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है।

इसे पढ़े- CM हेमंत सोरेन ने करोड़ो की योजनओं का किया उद्घाटन बोले- कागज कलम पर नहीं, धरातल पर योजनाओं को उतारा जा रहा है

मौजूदा समय में जिलों से 14 फरवरी 2022 के बाद सेवा के दौरान मृत सहायक अध्यापक के आश्रितों का प्रस्ताव मांगा गया है। उन्हें ही इसका लाभ मिल सकेगा। इस पर एकीकृत सहायक अध्यापक संघर्ष मोर्चा ने आपत्ति जतायी है। मोर्चा ने स्पष्ट कहा है कि सरकार गठन के समय से ही मृत पारा शिक्षकों की आश्रितों को लाभ दिया जाए। जिन अध्यापकों के आश्रित निर्धारित मानकों को पूरा नहीं करते हैं, उन्हें दूसरी सेवा में लगाया जाए।

इसे पढ़े- हेमंत सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को कर रहीं हैं मजबूत, डेल्टा रैंकिंग में झारखंड नंबर वन

Advertisement

Leave a Reply