Categories
झारखंड करियर

झारखंड में सरकारी शिक्षकों का होगा कोरोना टेस्ट, रिपोर्ट आने के बाद ही पढ़ाने की मिलेगी अनुमति

झारखंड में कोरोना का प्रकोप बढ़ता ही जा रहा है, प्रत्येक दिन राज्य भर से कोरोना के नए मामले सामने आ रहे है. राज्य के पुलिसकर्मी भी कोरोना के चपेट में आ चुके है. ऐसे में लॉकडाउन की वजह से बंद पड़ी स्कूलों को खोलने का विचार झारखंड का शिक्षा विभाग कर रहा है. विद्यालय खुलने से पहले उसे सैनिटाईज किया जायेगा और सोशल डिस्टेन्स के हिसाब से बच्चो को कक्षाओं में बैठाया जायेगा।

Advertisement

Also Read: लालू यादव का भी होगा कोरोना टेस्ट, सुरक्षा में तैनात पुलिस का जवान मिला था कोरोना पॉजिटिव

राज्य की स्कूली शिक्षा साक्षरता विभाग ने निर्णय लिया है कि विद्यालय खुलने से पहले कार्यरत शिक्षकों का कोरोना टेस्ट करवाया जायेगा। रिपोर्ट आने के बाद ही उन्हें स्कूलों में पढ़ाना है या नहीं ये तय किया जायेगा। हालांकि विभाग ने साफ़ किया है कि जिन शिक्षकों का रिपोर्ट पॉजिटिव आएगा उन्हें क्वारंटाइन में भेज दिया जायेगा और जो नेगेटिव होंगे उन्हें कार्य करने दिया जायेगा।

Also Read: झारखंड चैंबर्स ऑफ कॉमर्स ने JBVNL द्वारा प्रस्तावित बिजली दरों का विरोध किया

देखा जा रहा है कि बिना किसी लक्षण वाले लोग कोविड-19 टेस्ट नहीं करवा रहे है परन्तु वो कोरोना संक्रमित पाए जा रहे है जिसे देखते हुए, शिक्षा विभाग ने यह अनिवार्य कर दिया है कि तमाम शिक्षक पहले कोरोना टेस्ट करवाएंगे तब वह स्कूल आएंगे. इसे लेकर तमाम जिला शिक्षा पदाधिकारियों को इस मामले को लेकर अवगत कराया गया है.

Also Read: पेट्रोल पंप से रुपए लेकर जा रहे कर्मचारी को अपराधियों ने पहली मारी गोली, फिर लूटे 20 लाख

एक साथ हजारों शिक्षकों का कोरोना जांच कराना विभाग के लिए टेढ़ी खीर साबित होगी, क्योंकि ग्रामीण और सुदूर क्षेत्र के शिक्षक मुख्यालय तक नहीं पहुंचेंगे और उन्हें कोरोना टेस्ट कराने को लेकर दिलचस्पी भी नहीं होगी. ऐसे में वैसे शिक्षकों को कन्वेंस करना थोड़ा मुश्किल जरूर हो सकता है, लेकिन विभाग ने जानकारी दी है कि धीरे-धीरे शिक्षकों को अब कोविड-19 टेस्ट कराने को लेकर प्रेरित किया जा रहा है. शिक्षक एक-एक कर जांच केंद्रों पर जाएंगे और टेस्ट करवाएंगे.

Advertisement

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *